मोबाइल टावर कैसे लगवाये और पैसे कमाए?

अपनी जमीन पर मोबाइल टावर कैसे लगवाये? वर्तमान में हमारे देश में टेलीकॉम इंडस्ट्री काफी तेजी से ग्रो कर रही हैं। जिओ के आने के बाद कॉम्पटीशन इस हद तक बढ़ चुका हैं की अब क्वालिटी सर्विस डिलीवर करना एक जिम्मेदारी सी बन गयी हैं। छोटी से छोटी समस्या भी ग्राहकों के सामने कम्पनी की इज्जत बिगाड़ती हैं जो कम्पनी के लिए करोड़ो के नुक्सान की कारण बन गयी हैं।

शायद यही कारण हैं की टेलीकॉम कम्पनिया हर जगह लगातार टॉवरो की संख्या बढ़ाती जा रही हैं। इसका सीधा फायदा उन लोगो को मिलता हैं जो अपनी जमीनों और घरो पर टावर लगवाते हैं। अपनी जमीन या घर पर कॉन्ट्रैक्ट के अनुसार टावर लगवाने पर ना केवल किराया मिलता हैं बल्कि अन्य कई फायदे भी मिलते हैं।

अगर आप अपने घर पर मोबाइल टावर लगवाना चाह रहे हो तो यह लेख आपके लिए मददगार साबित हो सकता हैं। इस लेख में हम आपको ‘मोबाइल टावर कैसे लगवाए‘ के विषय पर जानकारी देंगे और बोनस में मोबाइल टावर लगवाने के फायदे और नुक्सान के बारे में भी बताएँगे।

टावर लगवाने के लिए क्या करना होगा?

मोबाइल टावर लगवाने के पीछे सबसे बड़ा कारण बेहतरीन किराया और अपने एरिया में किसी स्पेसिफिक टेलिकॉम नेटवर्क को मजबूत बनाना होता हैं। इससे आर्थिक रूप से भी मदद मिलती है और साथ में नजदीकी एरिया में रहने वाले लोगो को मदद भी मिल जाती हैं। मोबाइल टावर लगवाने के लिए कम्पनियो से आगे होकर बात करनी होती हैं।

mobile tower kaise lagwaye

अगर बात की जाये किराये की तो आपके लैंड के अनुसार कम्पनी आपको किराया देती हैं। यह किराया कुछ हजार रूपये से लेकर लाखो तक हो सकता हैं। मोबाइल टावर लगवाने के लिए कई कम्पनिया हैं और सभी का प्रोसेस थोड़ा अलग हैं।

इस लेख में हम सभी मोबाइल टावर लगाने वाली कम्पनियो के बारे में आपको बताने वाले हैं और साथ में यह भी बताएँगे की आप कैसे उन कम्पनियो से बात करके अपनी जमीन पर मोबाइल टावर लगवा सकते हो।

मोबाइल टावर लगाने के लिए कांटेक्ट नंबर

सबसे पहले तो आपको बता दे की अभी के समय में आप केवल 3 कम्पनियो एयरटेल, वी (वोडाफोन + आईडिया) और जिओ का टावर अपनी जमीनों पर आसानी से लगवा सकते हो। यह कम्पनिया खुद टावर नहीं लगाती बल्कि टावर लगवाने वाली कम्पनियो से पार्टनरशिप करती हैं। जो कम्पंनिया मुख्य रूप से टावर लगाने का काम करती हैं वह कुछ इस प्रकार हैं:

भारती इंफ्राटेलbharti-infratel.com
इंडस टावर्सindustowers.com
एटीसी टावरatctower.in
जिओjio.com/partner-with-jio

वैसे तो भारत में काफी सारी थर्ड पार्टी कम्पनिया टावर लगवाने का काम करती हैं लेकिन मुख्य रूप से इन्ही कम्पनियो का नाम सबसे आगे हैं। ऐसे में अगर आप मोबाइल टावर लगवाना चाहते हो तो आपको इन कम्पनियो की आधिकारिक पर जाकर टावर लगवाने के लिए आवेदन करना होगा। इस आवेदन में आपको आपकी और अपनी जमीन की जानकारी देनी होगी।

मोबाइल टावर लगवाकर कितनी कमाई की जा सकती हैं?

मोबाइल टावर लगवाने के बाद मिलने वाला किराया पूरी तरह से आपकी जमीन की लोकेशन, रियल एस्टेट वैल्यू और साइज पर निर्भर करती हैं। अगर आपकी जमीन किसी अच्छी और पोर्श लोकेशन पर हैं जो लोगो से थोड़ी दूर हैं.

लेकिन कम्पनी वहा अपना टावर लगवाना चाहती हैं तो आपको आपकी लोकेशन पर टावर लगवाने के लाखो रूपये भी मिल सकते हैं। मोबाइल टावर लगवाने के बाद होने वाली कमाई 8 हजार से 1 लाख रूपये तक मानी जाती हैं।

मोबाइल टावर लगाने के नियम 2021

मोबाइल टावर लगवाने के लिए जमीन या प्रॉपर्टी को कम्पनी पर रेंट देना बिजनेस या रहने के लिए लोगो को प्रॉपर्टी रेंट देने से काफी अलग हैं। इसके लिए कुछ नियम व शर्ते होती हैं जिन्हे हम पात्रताए कह सकते हैं। यह पात्रताए कुछ इस प्रकार हैं:

  • अगर आपकी जमीन के नजदीकी 100 मीटर एरिया में कोई हॉस्पिटल हैं तो वहाँ टावर नहीं लगाया जा सकता।
  • बिल्डिंग का छत पर टावर लगवाने के लिए कम से कम 500 स्क्वायर फीट की जगह होनी चाहिये।
  • अगर आप गांव की जमीन में टावर लगवाना चाहते हैं तो टावर लगाने के लिए आपके पास न्यूनतम 2500 स्क्वायर फिट जमीन होनी चाहिए।
  • टावर लगाने के लिए कंपनी आगे से कोई पैसा नहीं लेती बल्कि जो भी लागत आती है कंपनी उसका भुगतान खुद करती है।
  • अगर आपके आसपास के लोग टावर लगाने से सहमत नहीं है तो आपके जमीन होते हुए भी ह्यूमन राइट्स के चलते टावर नहीं लगाया जा सकता।
  • टावर लगाने के लिए आपको Structure Safety Certificate लेना होता हैं जो बताता हैं कि आपकी जमीन या बिल्डिंग टावर लगवाने के योग्य हैं।
  • किसी भी जमीन पर टावर लगवाने के लिए NOC यानी कि नो ऑब्जेक्षण सर्टिफिकेट बनवाना होता हैं।
  • आप अपनी जिस भी जमीन या घर पर टावर लगवाना चाहते हो आपको उस एरिया के मुन्सिपाल्टी से भी नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) लेना होता हैं।
  • इसके अलावा आपको कम्पनी के साथ एक एग्रीमेन्ट तैयार करवाना होगा जिसमें टावर की अवधि और किराए के साथ इन्फ्लेशन के साथ किराए में वृद्धि की बात होगी।

मोबाइल टावर लगवाने के फायदे

एक बेहतर इनकम : ऐसे जरूरी नहीं है कि अपनी जमीन या फिर घर पर मोबाइल टावर लगवाने पर आपको लाखों रुपए मिल जाएंगे लेकिन खास बात यह है कि आपको जितने भी रुपए मिलेंगे उसमें आपको अपनी कोई इंवेस्टमेंट नहीं करनी होगी। आप 5 साल तक का कॉन्ट्रैक्ट आसानी से कर सकते हैं और कॉन्ट्रैक्ट में आगे किराया बढ़ाने की बात भी की जा सकती है। यानी कि यहाँ से आपको बिना मेहनत के एक अच्छे खासी इनकम प्राप्त होगी।

लम्बे समय तक फायदा : जैसा की हमने आपको पहले भी बताया कि मोबाइल टावर लगवाने के लिए आप लम्बे समय तक का कॉन्ट्रेक्ट ले सकते हो। अगर आप अपनी जमीन या घर की छत आदि का कोई भाग इस्तेमाल नहीं कर रहे हो तो वहा पर मोबाइल टावर लगवाकर आप लम्बे समय तक किराया प्राप्त कर सकते हो।

मुफ्त सेवाए : आप जिस भी कंपनी का मोबाइल टावर अपनी जमीन पर लगाओगे उस कंपनी के द्वारा आपको काफी सारी मुफ्त सेवाए भी दी जाती हैं। यह जरूरी नहीं है लेकिन अधिकतर मामलों में कंपनी के द्वारा लैंड ओनर्स को मुफ्त सेवाएं देते देखा गया है। इन मुफ्त सेवाओं में फ्री कॉलिंग और फ्री इंटरनेट जैसी सुविधाएं शामिल हो सकती है।

मोबाइल टावर लगवाने के नुकसान

अपनी जमीन या फिर घर पर मोबाइल टावर लगवाने के काफी सारे फायदे हैं लेकिन इसके कुछ नुकसान भी है, जो कुछ इस प्रकार हैं:

स्वास्थ्य संबंधी परेशानिया : अगर आप अपने घर या फिर जमीन पर मोबाइल टावर लगवा ते हैं तो उससे उच्च स्तरीय रेडियो फ्रीक्वेंसी निकलती हैं। यह उच्च स्तरीय रेडियो फ्रीक्वेंसी स्वास्थ्य के लिए काफी हानिकारक साबित हो सकती है। सरदर्द और यादाश जैसी समस्याओ के साथ कैंसर जैसी बड़ी बीमारियों का भी संकट रहता हैं।

प्राकृतिक नुक्सान : वैसे तो वर्तमान में कंपनियां छोटे टावर और कम नुकसानदायक टावरों को स्थापित करने का प्रयास कर रही है लेकिन अब भी मुख्य रूप से बड़े टावर ही लगाए जाते हैं। यह लंबे और विशाल टावर आपकी जमीन के आसपास के प्राकृतिक सौंदर्य को नुकसान पहुंचा सकते हैं और अगर आप अपनी जमीन पर खेती करते हैं तो टावर ना लगवाना ही आपके लिए बेहतर होगा।

मोबाइल टावर की ऊंचाई कितनी होती है?

आमतौर पर टावर की ऊंचाई 20 से 200 मीटर के बीच होती है. 

आवासीय क्षेत्र शिकायत में मोबाइल टावर ?

मोबाइल टावर लगाने की वर्तमान गाइड लाइन के अनुसार आवासीय क्षेत्रों में टावर लगाना पूर्णत: प्रतिबंधित है। यानी की आप चाहकर भी यहाँ पर टावर नहीं लगा सकते हैं। वहीं लेकिन पुरानी गाइड लाइन के अनुसार भी आवासीय क्षेत्रों में मोबाइल टावर तभी लगाया जा सकता था, तब की कोई अन्य विकल्प न हो। ऐसे में सोच समझकर कोई भी निर्णय लें, वरना बाद में आपको दिक़्क़त उठनी पड़ सकती है।

आज आपने क्या सीखा?

मुझे पूर्ण आशा है की मैंने आप लोगों को मोबाइल टावर कैसे लगवाए इसके बारे में पूरी जानकारी दी और में आशा करता हूँ आप लोगों को ये अच्छे ढंग से समझ आ गया होगा.

मेरा आप सभी पाठकों से गुजारिस है की आप लोग भी इस जानकारी को अपने आस-पड़ोस, रिश्तेदारों, अपने मित्रों में Share करें, जिससे की हमारे बिच जागरूकता होगी और इससे सबको बहुत लाभ होगा. मुझे आप लोगों की सहयोग की आवश्यकता है जिससे मैं और भी नयी जानकारी आप लोगों तक पहुंचा सकूँ.

आपको यह लेख मोबाइल टावर लगाने के नियम कैसा लगा हमें comment लिखकर जरूर बताएं ताकि हमें भी आपके विचारों से कुछ सीखने और कुछ सुधारने का मोका मिले. मेरे पोस्ट के प्रति अपनी प्रसन्नता और उत्त्सुकता को दर्शाने के लिए कृपया इस पोस्ट को Social Networks जैसे कि Facebook, Twitter इत्यादि पर share कीजिये.

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नमस्कार दोस्तों, मैं Prabhanjan, HindiMe(हिन्दीमे) का Technical Author & Co-Founder हूँ. Education की बात करूँ तो मैं एक Enginnering Graduate हूँ. मुझे नयी नयी Technology से सम्बंधित चीज़ों को सीखना और दूसरों को सिखाने में बड़ा मज़ा आता है. मेरी आपसे विनती है की आप लोग इसी तरह हमारा सहयोग देते रहिये और हम आपके लिए नईं-नईं जानकारी उपलब्ध करवाते रहेंगे. :) #We HindiMe Team Support DIGITAL INDIA

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